इंदौर. सोमवार, 22 दिसंबर की सुबह इंदौर विमानतल पर कुछ अलग ही रौनक थी। आंखों में उत्साह, चेहरे पर मुस्कान और मन में उमंग…। यह दृश्य उन 40 कार्यकर्ताओं का था, जो अपने जीवन की पहली हवाई यात्रा पर निकलने वाले थे। इस अविस्मरणीय पल के साक्षी बने मध्यप्रदेश के दिग्गज नेता और नगरीय प्रशासन मंत्री कैलाश विजयवर्गीय (Kailash Vijayvargiya), जिन्होंने अपने विधानसभा क्षेत्र के इन समर्पित कार्यकर्ताओं को ऐसा उपहार दिया, जिसे वे जीवन भर संजोकर रखेंगे।
इंदौर से रीवा के लिए शुरू हुई सीधी विमान सेवा की पहली उड़ान सिर्फ एक यात्रा नहीं थी, बल्कि कार्यकर्ताओं की वर्षों की निष्ठा, सेवा और समर्पण का सम्मान थी। जिन कार्यकर्ताओं ने अब तक हवाई जहाज को केवल आकाश में उड़ते देखा था, आज वे स्वयं उसी विमान में बैठकर सपनों की उड़ान भर रहे थे।
जब सपने आसमान तक पहुंचे
सुबह के समय इंदौर एयरपोर्ट पर केसरिया दुपट्टा पहने भाजपा के वरिष्ठ कार्यकर्ता एक-दूसरे से मुस्कुराते हुए अपने अनुभव साझा कर रहे थे। किसी के लिए यह रोमांच था, किसी के लिए विश्वास करना कठिन, लेकिन सबके लिए यह क्षण बेहद भावुक और गर्व से भरा हुआ था। मंत्री कैलाश विजयवर्गीय के साथ ये सभी 40 कार्यकर्ता पहली बार विमान में बैठे और इंदौर से रीवा की पहली उड़ान का हिस्सा बने।
ये सभी कार्यकर्ता जनसंघ के दौर से पार्टी के साथ जुड़े रहे हैं। वर्षों तक संगठन के लिए काम किया, बिना किसी अपेक्षा के, चुपचाप। आज मंत्री विजयवर्गीय की ओर से मिला यह सम्मान उनके लिए किसी तीर्थ से कम नहीं था।

हवाई यात्रा के साथ देवदर्शन का अवसर
इस यात्रा को और भी विशेष बनाया गया। रीवा पहुंचने के बाद सभी कार्यकर्ता चित्रकूट के लिए रवाना हुए। अगले दिन, 23 दिसंबर को मैहर में मां शारदा के दर्शन किए। देवदर्शन के बाद मैहर से वापस रीवा आकर फ्लाइट से इंदौर आएंगे।
कार्यकर्ताओं के लिए यह यात्रा श्रद्धा, आनंद और आत्मिक शांति से भरी हुई है। मीडिया से बातचीत में कई कार्यकर्ता भावुक हो गए। उन्होंने कहा, हमने कभी सोचा भी नहीं था कि जिंदगी में हवाई जहाज में बैठने का मौका मिलेगा। यह सब कैलाश जी की वजह से संभव हो पाया। पहली फ्लाइट के साथ देवदर्शन का सौभाग्य मिलना हमारे लिए ईश्वर का आशीर्वाद है।
रीवा का सफर अब आसान और तेज
मीडिया से चर्चा करते हुए मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने कहा कि इंदौर–रीवा हवाई सेवा मालवा और विंध्य को जोड़ने वाली बड़ी सौगात है। पहले रीवा जाने में काफी समय और असुविधा होती थी। अब यह दूरी कुछ ही समय में तय हो सकेगी।
उन्होंने कहा, मेरे साथ इस यात्रा में विधानसभा क्षेत्र के ऐसे 40 कार्यकर्ता हैं, जिन्होंने कभी हवाई सफर नहीं किया था। आज उनकी आंखों में जो खुशी है, वही इस सेवा का असली उद्देश्य है।
मंत्री विजयवर्गीय ने यह भी कहा कि इस फ्लाइट के शुरू होने से इंदौर और रीवा के बीच व्यापार, पर्यटन और सामाजिक संपर्क को नई गति मिलेगी। यह सेवा पूरे विंध्य क्षेत्र के लिए विकास का नया द्वार खोलेगी।
विंध्य क्षेत्र को मिलेगा बड़ा लाभ
इंदौर से रीवा के लिए फ्लाइट सुबह 11.30 बजे रवाना हुई और लगभग 1 घंटे 45 मिनट में दोपहर 1.15 बजे रीवा एयरपोर्ट पहुंची। कुछ समय बाद उपमुख्यमंत्री राजेंद्र शुक्ला विंध्य क्षेत्र के लगभग 60 कार्यकर्ताओं के साथ इसी विमान से इंदौर आए। उन्होंने उज्जैन में महाकालेश्वर और ओंकारेश्वर में देवदर्शन किए।
इस हवाई सेवा से इंदौर में रहने वाले सतना, सीधी, शहडोल, मऊगंज सहित पूरे विंध्य क्षेत्र के हजारों लोगों को सीधा लाभ मिलेगा। इंडिगो एयरलाइंस में इस रूट के लिए बुकिंग शुरू हो चुकी है। रीवा से यात्रा करने वाले यात्रियों को इंदौर के माध्यम से देश और विदेश की उड़ानों से भी जोड़ा जाएगा।
एक उड़ान, कई खुशियां
यह खबर सिर्फ फ्लाइट शुरू होने की नहीं है। यह कहानी है विश्वास की, सम्मान की और उस नेतृत्व की है, जो अपने कार्यकर्ताओं को साथ लेकर आगे बढ़ता है। कैलाश विजयवर्गीय ने यह साबित किया कि राजनीति केवल पद और सत्ता का नाम नहीं, बल्कि रिश्तों और संवेदनाओं की भी कहानी है।